वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए अमृतपाल सिंह कोर्ट में पेश, छिड़ी जोरदार बहस

Edited By Sunita sarangal,Updated: 23 Apr, 2026 03:20 PM

amritpal singh court hearing

एडवोकेट संधू ने कहा कि यह केस तीन-चार साल से चल रहा है और इस दौरान जो भी गाड़ियां या सबूत थे, वे पुलिस पहले ही बरामद कर चुकी है।

अमृतसर(रमन): अमृतसर के अजनाला पुलिस स्टेशन में दर्ज FIR नंबर 39, सेक्शन 307 के मामले में आज अमृतपाल सिंह की पेशी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए हुई। इस बारे में एडवोकेट रितु राज सिंह संधू ने मीडिया को बताया कि हाईकोर्ट के आदेश के मुताबिक यह पेशी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग (VC) के जरिए हुई और जांच में शामिल होने का प्रोसेस भी उसी तरह किया गया।

उन्होंने कहा कि प्रॉसिक्यूशन ने 15 दिन की रिमांड मांगी थी, जिसके लिए हथियारों की बरामदगी, गाड़ियों की रिकवरी और मोबाइल फोन की जांच को आधार बनाया गया था। हालांकि बचाव पक्ष ने इसका कड़ा विरोध किया और कहा कि ये सभी आधार पूरी तरह से बेबुनियाद हैं।

एडवोकेट संधू ने कहा कि यह केस तीन-चार साल से चल रहा है और इस दौरान जो भी गाड़ियां या सबूत थे, वे पुलिस पहले ही बरामद कर चुकी है। उन्होंने सवाल किया कि अब नई रिकवरी की बात क्यों हो रही है। उन्होंने यह भी कहा कि जहां तक ​​हथियारों की बात है, केस में फायरिंग या किसी के घायल होने की कोई घटना सामने नहीं आई है, जिससे यह दलील भी कमजोर हो जाती है।

पालकी से जुड़ी गाड़ी का खास तौर पर जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि पुलिस की दलीलों में आपसी विरोध साफ झलक रहा है। एक तरफ पुलिस कह रही है कि कई गाड़ियों की बरामदमगी होनी अभी बाकी है, वहीं दूसरी तरफ वे एक खास गाड़ी पर जोर दे रहे हैं, जिसके बारे में कोई सही जवाब नहीं दिया गया है।

कोर्ट में दोनों पक्षों की तरफ से तीखी बहस हुई और बचाव पक्ष ने दलील दी कि इस केस को जानबूझकर लंबा खींचा जा रहा है। इस मामले को लेकर कानूनी हलकों में चर्चा तेज हो गई है और सभी की निगाहें अगली सुनवाई पर टिकी हुई हैं।

अपने शहर की खबरें Whatsapp पर पढ़ने के लिए Click Here 

Related Story

    img title
    img title

    Be on the top of everything happening around the world.

    Try Premium Service.

    Subscribe Now!