उज्जैन पहुंचे सांसद Charanjit Channi, श्री महाकालेश्वर ज्योतिर्लिंग मंदिर हुए नतमस्तक

Edited By Kamini,Updated: 29 Aug, 2024 07:04 PM

mp charanjit channi reached ujjain

पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री और जालंधर से मौजूदा सांसद चरणजीत सिंह चन्नी मध्यप्रदेश के उज्जैन पहुंचे।

पंजाब डेस्क : पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री और जालंधर से मौजूदा सांसद चरणजीत सिंह चन्नी मध्यप्रदेश के उज्जैन पहुंचे। जहां पर वह श्री महाकालेश्वर ज्योतिर्लिंग मंदिर उज्जैन व श्री काल भैरव मंदिर में नतमस्तक हुए। उन्होंने मंदिर की तस्वीरें सोशल मीडिया पर शेयर की हैं। आपको बता दें कि पूर्व सी.एम. चन्नी हमेश सुर्खियों में रहते हैं। हाल ही में वह जालंधर से कांग्रेस सांसद चुने गए हैं। आपको बदा दें कि सांसद चरणजीत सिंह चन्नी द्वारा हाल ही में हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू से मुलाकात की गई। सोमवार को चरणजीत सिंह चन्नी सुखविंदर सिंह सुक्खू से मिलने हिमाचल प्रदेश पहुंचे और मुख्यमंत्री के सरकारी आवास ओक ओवर में मुलाकात की। दोनों नेताओं के बीच मीटिंग करीब पौने घंटे तक चलती रही।

PunjabKesari

गौरतलब है कि है कि सांसद चन्नी के निर्वाचन को लेकर मामला हाईोकर्ट पहुंच गया है। बता दें कि चुनाव समाप्त होने के 45 दिनों के उपरांत ई.वी.एम. को चुनाव आयोग की इजाजत के बाद स्ट्रांग रूम से वेयरहाऊस में शिफ्ट करना होता है। सांसद चन्नी के खिलाफ याचिका भाजपा नेता गौरव लूथरा ने अपने वकील मनीत मल्होत्रा के जरिए दायर की है जिसमें गौरव ने हाईकोर्ट को बताया कि चरणजीत चन्नी जालंधर लोकसभा सीट से सांसद चुने गए हैं परंतु उन्होंने नामांकन पत्र भरते समय कई जानकारियां छिपाई थी। इसके अलावा उन्होंने चुनाव में हुए खर्च का सही ब्यौरा भी चुनाव आयोग को नहीं सौंपा है। चन्नी चुनाव प्रचार दौरान रोजाना 10- 15 जनसभाएं करते थे, लेकिन उन्होंने चुनाव प्रचार खर्च ब्यौरे में एक भी गाड़ी न का खर्च नहीं दिखाया। उन्होंने बिना मंजूरी रामा मंडी में रोड शो किया। चुनाव के दौरान एक होटल में 24 घंटे न खाने की सुविधा का प्रबंध किया हुआ था लेकिन चन्नी में ने अपने चुनाव प्रचार के खर्च ब्यौरे में इस खर्च का कोई में जिक्र नहीं किया है। इसके अलावा मतदान केंद्रों के बाहर 5 मतदाता पर्ची बांटने के लिए बनाए गए बूथों के हुए खर्च का ब्यौरा भी आयोग को नहीं दिया। याचिकाकर्ता ने बताया कि इन सभी छुपाए खर्च ब्यौरे से स्पष्ट हो जाता न है कि चुनाव जीतने के लिए चन्नी ने भ्रष्ट साधनों का इस्तेमाल किया। याचिकाकर्ता ने हाईकोर्ट से मांग की इन अनियिमताओं द को देखते हुए जनप्रतिनिधि अधिनियम के तहत चन्नी का निर्वाचन रद्द किया जाना चाहिए।

PunjabKesari

बता दें गत 13 अगस्त को सांसद चन्नी के निर्वाचन को खारिज करने की मांग को लेकर माननीय हाईकोर्ट में दायर याचिका पर सुनवाई नहीं हो पाई। इस पर अगली सुनवाई 30 सितम्बर तक स्थगित की गई है। इस मामले में हाईकोर्ट सांसद चन्नी सहित अन्य प्रतिवादी पक्ष को पहले ही नोटिस जारी कर चुका है। हाईकोर्ट ने उन सभी प्रतिवादियों को भी नए सिरे से नोटिस जारी किया है जिन्हें पहले जारी नोटिस सर्व नहीं हो पाए हैं। चन्नी के मानसून सत्र के कारण दिल्ली में होने के कारण नोटिस सर्व नहीं हो सका था। इसके अलावा हाईकोर्ट ने जालंधर के चुनाव तहसीलदार को लोकसभा चुनाव दौरान उपयोग में लाई ई.वी.एम. को वेयरहाऊस में शिफ्ट न करने के अलावा इन्हें सुरक्षित रखने सहित सभी रिकॉर्ड मैटेन करने को कहा है।

अपने शहर की खबरें Whatsapp पर पढ़ने के लिए Click Here

Related Story

    Trending Topics

    img title
    img title

    Be on the top of everything happening around the world.

    Try Premium Service.

    Subscribe Now!