Edited By Subhash Kapoor,Updated: 30 Jan, 2026 06:24 PM

सिविल सर्जन लुधियाना डॉ. रमणदीप कौर ने जानकारी देते हुए बताया कि कल जगराओं से 7 मरीजों में रैबीज़ के लक्षण होने के संदेह के कारण उन्हें एहतियातन PGIMER चंडीगढ़ रेफर किया गया था। डॉ. रमणदीप कौर ने कहा कि यह कदम स्वास्थ्य विभाग के मानक दिशानिर्देशों...
लुधियाना : सिविल सर्जन लुधियाना डॉ. रमणदीप कौर ने जानकारी देते हुए बताया कि कल जगराओं से 7 मरीजों में रैबीज़ के लक्षण होने के संदेह के कारण उन्हें एहतियातन PGIMER चंडीगढ़ रेफर किया गया था। डॉ. रमणदीप कौर ने कहा कि यह कदम स्वास्थ्य विभाग के मानक दिशानिर्देशों के अनुसार पूरी सावधानी के तौर पर उठाया गया था, ताकि सही जांच कराकर किसी भी तरह के खतरे को समय रहते टाला जा सके। मामले के सामने आने के बाद एस.एम.ओ. हठूर द्वारा संबंधित क्षेत्र में तुरंत सर्वे शुरू करवाया गया, जिसका उद्देश्य स्थिति का आकलन करना, लोगों में जागरूकता फैलाना और अन्य संभावित मामलों की पहचान करना था।
PGI चंडीगढ़ द्वारा की गई विस्तृत चिकित्सीय जांच के बाद यह पुष्टि की गई है कि उक्त सभी 7 मरीज रैबीज़ से प्रभावित नहीं हैं। सभी मरीजों की सेहत ठीक है और जनस्वास्थ्य के लिए किसी भी प्रकार का कोई खतरा नहीं है। डॉ. रमणदीप कौर ने जनता से घबराने की आवश्यकता न होने की अपील करते हुए बताया कि स्वास्थ्य विभाग पूरी तरह सतर्क और चौकस है तथा सभी आवश्यक रोकथाम और निगरानी के उपाय लागू किए जा रहे हैं।
उन्होंने लोगों को सलाह दी कि किसी भी जानवर के काटने या संदिग्ध लक्षणों की स्थिति में तुरंत नजदीकी सरकारी स्वास्थ्य केंद्र से संपर्क करें और चिकित्सकीय सलाह का पूरी तरह पालन करें, विशेषकर एंटी-रैबीज़ टीकाकरण के संबंध में। स्वास्थ्य विभाग लुधियाना द्वारा जनता के स्वास्थ्य की सुरक्षा के लिए हर संभव और त्वरित कदम उठाने का आश्वासन दिया गया है।