Edited By Subhash Kapoor,Updated: 10 Apr, 2026 12:25 AM

पंजाब कांग्रेस ने आगामी चुनावों को देखते हुए राज्य में संगठन को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। पार्टी प्रदेश स्तर पर अपनी जमीनी पकड़ मजबूत करने के लिए लगातार संगठनात्मक ढांचे को विस्तार दे रही है।
पंजाब डैस्क : पंजाब कांग्रेस ने आगामी चुनावों को देखते हुए राज्य में संगठन को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। पार्टी प्रदेश स्तर पर अपनी जमीनी पकड़ मजबूत करने के लिए लगातार संगठनात्मक ढांचे को विस्तार दे रही है। पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष Amrinder Singh Raja Warring की अगुवाई में पार्टी ने 10 जिलों की कार्यकारिणी और 95 ब्लॉकों के अध्यक्षों के नामों की घोषणा की है। इससे पहले कांग्रेस 8 जिलों के प्रधानों की घोषणा कर चुकी थी, जिससे साफ है कि पार्टी चरणबद्ध तरीके से पूरे राज्य में संगठन को सक्रिय और सशक्त बना रही है।
ताजा घोषणा के तहत नवांशहर, फतेहगढ़ साहिब, जालंधर देहाती, बठिंडा अर्बन, मोहाली, गुरदासपुर, रोपड़ और खन्ना जैसे महत्वपूर्ण जिलों में नई कार्यकारिणी का गठन किया गया है। इन जिलों में पार्टी पदाधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपकर स्थानीय स्तर पर संगठन को और अधिक सक्रिय बनाने की रणनीति अपनाई गई है।
इसके साथ ही 199 ब्लॉकों में से 95 ब्लॉक अध्यक्षों के नाम भी घोषित कर दिए गए हैं। खास बात यह है कि इनमें लुधियाना जिले के 15 ब्लॉक अध्यक्ष भी शामिल हैं, जो राज्य की राजनीति में अहम भूमिका निभाते हैं। पार्टी नेतृत्व का मानना है कि ब्लॉक स्तर पर मजबूत संगठन ही चुनावों में बेहतर प्रदर्शन की नींव रखता है।
सूत्रों के अनुसार, कांग्रेस का फोकस इस बार बूथ स्तर तक संगठन को मजबूत करने पर है, ताकि कार्यकर्ताओं को सक्रिय किया जा सके और मतदाताओं तक सीधा संपर्क स्थापित किया जा सके। पार्टी आने वाले दिनों में बाकी जिलों और ब्लॉकों की घोषणाएं भी कर सकती है। फिलहाल, कांग्रेस की इस रणनीति को आगामी चुनावों के मद्देनजर एक अहम कदम माना जा रहा है और इससे पंजाब की सियासत में नई हलचल देखने को मिल रही है।