Edited By Vatika,Updated: 19 May, 2026 10:21 AM

पंजाब के पूर्व बिजली मंत्री संजीव अरोड़ा की मुश्किलें आने वाले दिनों में बढ़ सकती हैं
पंजाब डेस्कः पंजाब के पूर्व बिजली मंत्री संजीव अरोड़ा की मुश्किलें आने वाले दिनों में बढ़ सकती हैं। पंजाब स्टेट पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड (PSPCL) द्वारा बड़ी संख्या में मोबाइल फोन खरीदने का मामला अब प्रवर्तन निदेशालय (ED) की जांच के घेरे में आ गया है। अंग्रेजी समाचार पत्र The Tribune में प्रकाशित खबर के अनुसार, PSPCL ने दो चरणों में कुल 15,600 मोबाइल फोन खरीदे थे, जिसकी खरीद प्रक्रिया को लेकर अब कई सवाल खड़े हो रहे हैं।
PSPCL ने लाइनमैनों के लिए खरीदे थे मोबाइल फोन
जानकारी के मुताबिक PSPCL ने लाइनमैनों के लिए ये मोबाइल फोन खरीदे थे, लेकिन कई कर्मचारी यूनियनों ने दावा किया है कि उन्होंने कभी मोबाइल फोन की मांग ही नहीं की थी। टेक्निकल सर्विस यूनियन के महासचिव हरप्रीत सिंह ने कहा कि विभाग में स्टाफ की कमी है और कर्मचारियों के पास सुरक्षा उपकरण तक नहीं हैं। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों ने सुरक्षा संसाधनों की मांग की थी, लेकिन प्रबंधन ने बड़ी संख्या में मोबाइल फोन खरीद लिए। वहीं पीएसईबी इंजीनियर्स एसोसिएशन के महासचिव अजयपाल सिंह अटवाल ने बताया कि कई कर्मचारियों ने इन मोबाइल फोन को लेने से भी इनकार कर दिया।
ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर करीब 17,500 रुपए में उपलब्ध है मोबाइल
बताया जा रहा है कि 17 अप्रैल को 12 हजार मोबाइल फोन खरीदने का पहला ऑर्डर पंचकूला की एक कंपनी को दिया गया था। यह ऑर्डर करीब 26.16 करोड़ रुपए का था और प्रति मोबाइल की कीमत 21,800 रुपए तय की गई थी। इसके बाद 14 मई को, यानी संजीव अरोड़ा की गिरफ्तारी के कुछ दिन बाद, उसी कंपनी को 3,600 और मोबाइल फोन खरीदने का दूसरा ऑर्डर करीब 7.84 करोड़ रुपए में दिया गया। सूत्रों के मुताबिक कर्मचारियों को जो मोबाइल फोन दिए जा रहे हैं, वे Samsung A07 मॉडल के हैं। दावा किया जा रहा है कि यही मोबाइल ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर करीब 17,500 रुपए में उपलब्ध हैं। हालांकि विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी का कहना है कि कीमत में अंतर मोबाइल डिवाइस मैनेजमेंट सिस्टम इंस्टॉल करने की वजह से हो सकता है। इस पूरे मामले में PSPCL के CMD बसंत गर्ग से संपर्क करने की कोशिश की गई, लेकिन उनका कोई जवाब नहीं मिला। बताया जा रहा है कि ईडी ने उन्हें भी पूछताछ के लिए तलब किया है।
पेशी के दौरान भावुक हुआ परिवार
गौरतलब है कि ईडी पहले से ही संजीव अरोड़ा से जुड़ी एक कंपनी पर करीब 100 करोड़ रुपए के फर्जी GST रिफंड और मनी लॉन्ड्रिंग मामले की जांच कर रही है। इसी मामले में ईडी ने 9 मई को संजीव अरोड़ा को गिरफ्तार किया था और अब उन्हें 14 दिन के न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। इस दौरान उनका परिावर भावुक होकर रो पड़ा। अदालत से बाहर आने पर मंत्री संजीव अरोड़ा की बेटी पिता को देखते ही रोने लग पड़ी। वह अपने पिता के गले लगी तो अरोड़ा की आंखों से भी आंसू निकल आए।