Edited By Subhash Kapoor,Updated: 25 Feb, 2026 11:46 PM

अमृतसर में पावन स्वरूप लापता मामले में दर्ज एफआईआर में जांच तेज कर दी गई है तथा पंजाब सरकार ने इस मामले एक बार फिर एस.आई.टी. बदल दी गई है तथा अब नई एस.आई.टी. का गठन किया गया है। SIT के बार-बार पुनर्गठन को लेकर अब सियासी और प्रशासनिक हलकों में चर्चा...
पंजाब डैस्क : अमृतसर में पावन स्वरूप लापता मामले में दर्ज एफआईआर में जांच तेज कर दी गई है तथा पंजाब सरकार ने इस मामले एक बार फिर एस.आई.टी. बदल दी गई है तथा अब नई एस.आई.टी. का गठन किया गया है। SIT के बार-बार पुनर्गठन को लेकर अब सियासी और प्रशासनिक हलकों में चर्चा तेज हो गई है। वहीं अकाली नेता बिक्रम मजीठिया ने पंजाब सरकार को निशाने पर लिया है। मजीठिया ने टवीट जारी करते हुए कहा है कि ADHOC कार्यवाहक DGP का एक और कारनामा बताया है। उन्होंने कहा है कि SIT बदलने की असली वजह यह है कि पहली SIT ने नेताओं के खिलाफ झूठी कार्रवाई करने और राजनीतिक दबाव में नाम जोड़ने से इन्कार कर दिया था। साथ ही उसने किसी राजनीतिक कार्यालय से SIT चलाने से भी मना कर दिया। बाकी सच्चाई जल्द उजागर की जाएगी। जब तक राजनीतिक मंशा पूरी नहीं होगी, तब तक SIT बार-बार बदली जाती रहेगी।
थाना सी-डिवीजन, अमृतसर में दर्ज एफआईआर नंबर 168 (07 दिसंबर 2025) की जांच के लिए गठित विशेष जांच दल (SIT) को एक बार फिर पुनर्गठित कर दिया गया है। पंजाब ब्यूरो ऑफ इन्वेस्टिगेशन (PBI) के निदेशक एल.के. यादव, आईपीएस द्वारा जारी आदेश में पूर्व के तीन आदेशों को निरस्त करते हुए नई SIT का गठन किया गया है।
