Edited By Kalash,Updated: 16 Mar, 2026 10:13 AM

महानगर में नौसरबाजों के जाल इस कदर बिछ चुके हैं कि बाहर से आने वाले लोग अब यहां कदम रखते ही असुरक्षित महसूस करने लगे हैं।
लुधियाना (राज): महानगर में नौसरबाजों के जाल इस कदर बिछ चुके हैं कि बाहर से आने वाले लोग अब यहां कदम रखते ही असुरक्षित महसूस करने लगे हैं। रविवार को हिमाचल प्रदेश से लुधियाना की गांधी नगर मार्कीट में रैडीमेड कपड़ों की खरीदारी करने आए एक कारोबारी के साथ शातिर नौसरबाज ने वारदात को अंजाम दिया। इससे कारोबारी का न केवल पैसा गया, बल्कि वह अपनी सुध-बुध भी खो बैठा। इस बार बस स्टैंड पर ही एक ठग के झांसे में आ गया और अपनी खून-पसीने की कमाई गंवा बैठा। पीड़ित राजेश कुमार ने बताया कि वह रविवार सुबह बस स्टैंड पर उतरा था और गांधी नगर मार्कीट जाने के लिए समय होने के कारण वहीं बैठ गया। इसी बीच एक युवक उसके पास आकर बैठ गया और बड़ी शालीनता से बातों का सिलसिला शुरू कर दिया। बातों-बातों में शातिर युवक ने खुद को फार्मासिस्ट बताया और राजेश का विश्वास जीत लिया।
जब राजेश ने शरीर में हल्का दर्द होने की बात कही तो उस कथित फार्मासिस्ट ने बड़े ही मददगार अंदाज में उसे दर्द निवारक दवा का लालच दिया। राजेश ने अनजान युवक पर भरोसा कर वह दवा खा ली लेकिन उसे क्या पता था कि वह दवा नहीं, बल्कि उसे लूटने के लिए दिया गया बेहोशी का जहर था। दवा खाते ही राजेश गहरी नींद में सो गया और जब कुछ घंटों बाद उसे होश आया तो उसके पैरों तले जमीन खिसक गई। उसकी जेब से 12 हजार रुपये की नकदी और महंगा मोबाइल फोन गायब था। वह युवक जिसने खुद को फार्मासिस्ट बताया था, मौके से भाग चुका था। होश आने पर राजेश को समझ आया कि वह एक शातिर नौसरबाज का शिकार बन चुका है। पीड़ित कारोबारी का कहना है कि आरोपी ने पहले उसे बातों में फंसाया और फिर बेहोश कर उसकी जेब साफ कर दी।
अपने शहर की खबरें Whatsapp पर पढ़ने के लिए Click Here