Edited By Vatika,Updated: 17 Jul, 2021 12:12 PM

मुख्यमंत्री कैप्टन अमरेंद्र सिंह की 2 वीडियो कांफ्रैंसिंग के उपरांत आज शिक्षा मंत्री विजय इन्द्र सिंगला के वर्चुअल समारोह के दौरान राज्य सरकार को उस समय नमोशी का सामना करना पड़ा,
लुधियाना/खन्ना/मुकेरियां (विक्की,कमल,नागला) : मुख्यमंत्री कैप्टन अमरेंद्र सिंह की 2 वीडियो कांफ्रैंसिंग के उपरांत शिक्षा मंत्री विजय इन्द्र सिंगला के वर्चुअल समारोह के दौरान राज्य सरकार को उस समय नमोशी का सामना करना पड़ा, जब इसका यूट्यूब पर सीधा प्रसारण शुरू होने से पहले ही राज्य भर के कम्प्यूटर अध्यापकों ने डिसलाइक्स वाला बटन दबाना शुरू कर दिया। देखते ही देखते कुछ ही मिनटों में 24 लाइक्स के बदले डिस-लाइक्स की संख्या 600 से पार हो गई। |
समाचार लिखे जाने तक लाइक्स की संख्या 408 थी जबकि डिसलाइक्स की संख्या 6200 से पार जा चुकी थी और इस लाइव समारोह के दौरान कम्प्यूटर अध्यापकों द्वारा अपनी जायज मांगों की पैरवी करते हुए किए गए कमैंट्स की संख्या 600 से अधिक थी। बता दें कि आज शिक्षा विभाग द्वारा सरकारी स्कूलों के अध्यापकों के लिए विशेष ट्रेनिंग मॉड्यूल जारी करने के लिए शिक्षा मंत्री के नेतृत्व में एक पंजाब वर्चुअल समारोह का आयोजन किया गया, जिसमें सैक्रेटरी एजुकेशन कृष्ण कुमार के साथ-साथ पंजाब सरकार के अन्य उच्च अधिकारी भी उपस्थित थे।
इस अवसर पर अपनी मांगों के संबंध में जानकारी देते हुए कम्प्यूटर फैकल्टी एसोसिएशन पंजाब के प्रांतीय अध्यक्ष प्रदीप मलूका, हरवीर सिंह, गुरदीप सिंह बैंस, प्रभजोत सिंह बल आदि ने बताया कि एक दशक पहले 2011 में तत्कालीन राज्य सरकार द्वारा उनकी सेवाओं को वोकेशनल मास्टर के ग्रेड पे के साथ रैगुलर किया गया था, परंतु एक दशक के लम्बे अंतराल के बाद भी उनको उनके बनते अधिकार नहीं दिए गए और वह लगातार अपने जायज अधिकारों के लिए संघर्ष कर रहे हैं। उन्होंने राज्य सरकार से मांग करते हुए कहा कि उनको बिना शर्त पूरे लाभ से शिक्षा विभाग में शिफ्ट किया जाए, जिन कम्प्यूटर अध्यापकों की पिछले समय के दौरान किसी भी कारण मौत हो चुकी है उनके आश्रितों को सरकारी नौकरी देने के साथ-साथ वित्तीय मदद भी दी जाए।