Edited By Vatika,Updated: 29 Jul, 2026 10:57 AM

- हलका नार्थ के सलेम टाबरी इलाके में स्थित पार्क की है वीडियो, सोशल मीडिया पर हो रही वायरल
लुधियाना(राज) : महानगर में सिंथेटिक और खतरनाक नशीले पदार्थों का जाल किस कदर युवाओं की रगों में जहर घोल रहा है, इसका एक रोंगटे खड़े कर देने वाला और बेहद डरावना सच सामने आया है। जिसे देखकर यह लगता है कि लुधियाना कमिश्नरेट पुलिस नशे की रोकथाम में बिल्कुल फिसड्ड साबित हो रही है। सोशल मीडिया पर लुधियाना के इलाके की एक वीडियो वायरल हो रही है। जिन्हें देखकर लोग दहल गए हैं और इसकी तुलना अमेरिका व पश्चिमी देशों में तबाही मचाने वाले जॉम्बी ड्रग से कर रहे हैं। इस वीडियो में तीन युवक एक पार्क के अंदर बेसुध हालत में गिरते-संभलते दिख रहे है, जोकि अजीबो-गरीब मुद्रा में हवा में झुलते दिखाई दे रहे है। यह पार्क थाने के चंद कदमों की दूरी पर स्थित है। लेकिन, पुलिस को इसकी भनक तक नहीं लगी है। मगर इसकी वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
यह वायरल वीडियो हलका नार्थ के सलेम टाबरी इलाके की है। जहां एक ही पार्क में तीन युवक खड़े हुए है। वीडियो में साफ दिख रहा है कि तीनों युवक नशे की ओवरडोज के कारण पूरी तरह से सुध-बुध खो चुके है। नशे का प्रहार इस कदर जानलेवा था कि उसकी आंखें पूरी तरह बंद थीं और वह अपने पैरों पर खड़ा होने में भी असमर्थ थे। वह बार-बार कभी गिरते और संभल रहे थे। उनके पैर लडख़ड़ा रहे थे, हर बार उसका संतुलन बिगड़ रहा था। यहां सबसे हैरानी वाली बात यह है कि यह इलाके 24 घंटे व्यस्त रहने वाला है। इस व्यस्त इलाके के मेन रोड़ बने पार्क में ऐसे सरेआम यह युवक अजीबो-गरीब हरकतें कर रहे थे। उनका अपने शरीर पर रत्ती भर भी नियंत्रण नहीं था। वह बिना किसी सहारे के हवा में आगे की तरफ झुके हुए थे। वहां से गुजर रहे लोगों ने ही उनकी मोबाइल पर वीडियो बनाई थी। फिर उस वीडियो को पंजाब सरकार की नाकामी बताते हुए सोशल मीडिया पर डाल दिया।
क्या लुधियाना में आ गई खतरनाक जॉबी ड्रग? पुलिस में हडक़ंप
इस वीडियो के वायरल होने के बाद लुधियाना के जागरूक नागरिकों और मेडिकल एक्सपट्र्स के बीच यह गंभीर चर्चा छिड़ गई है कि क्या पंजाब में हेरोइन/चिट्टे के बाद अब जॉबी ड्रग की एंट्री हो चुकी है? क्योंकि इस नशे को करने के बाद इंसान का दिमाग सुन्न हो जाता है और उसकी शारीरिक मुद्रा बिल्कुल हॉलीवुड फिल्मों के जॉबी जैसी हो जाती है। हालांकि, अभी तक स्वास्थ्य विभाग या पुलिस प्रशासन की ओर से इस विशिष्ट ड्रग की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। लेकिन मुख्य थाने के इतने पास खुलेआम हुई इस घटना ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं।