पंजाब में कानून नहीं, डर का माहौल - राज्य में कानून-व्यवस्था की स्थिति पर बोले MP सुखजिंदर रंधावा

Edited By Sunita sarangal,Updated: 20 Apr, 2026 05:32 PM

sukhjinder randhawa statement on law and order in punjab

उन्होंने पंजाब में बिगड़ती कानून व्यवस्था पर गहरी चिंता जताते हुए आरोप लगाया कि “सरकार के संरक्षण में गैंगस्टर और आतंकवादी मिलकर राज्य का माहौल खराब कर रहे हैं।”

चंडीगढ़: पंजाब के पूर्व उपमुख्यमंत्री एवं सांसद सुखजिंदर सिंह रंधावा ने राज्य सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने बेअदबी कानून को लेकर स्पष्ट रुख अपनाने की मांग की है। उन्होंने कहा कि सरकार यह साफ करे कि यह कानून प्रभावी ढंग से लागू होगा या “खरड़ से निकलकर चंडीगढ़ पहुंचते-पहुंचते दम तोड़ देगा।”

रंधावा ने कहा कि बेअदबी से जुड़े पुराने मामलों को भी इस नए कानून के दायरे में शामिल किया जाना चाहिए, ताकि पीड़ितों को न्याय मिल सके। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि जो मामले चंडीगढ़ ट्रांसफर किए गए हैं, उन पर यह कानून लागू होगा या नहीं - इस पर सरकार तुरंत स्थिति स्पष्ट करे।

उन्होंने पंजाब में बिगड़ती कानून व्यवस्था पर गहरी चिंता जताते हुए आरोप लगाया कि “सरकार के संरक्षण में गैंगस्टर और आतंकवादी मिलकर राज्य का माहौल खराब कर रहे हैं।” गुरदासपुर क्षेत्र का उदाहरण देते हुए रंधावा ने कहा कि हाल ही में एक ज्वेलर से करीब 8 करोड़ रुपये की लूट हुई, जिसमें हमलावरों ने सरेआम गोलियां चलाईं। उन्होंने आरोप लगाया कि घटना के समय पुलिस मौके पर मौजूद नहीं थी। लोगों के विरोध के बाद पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लगभग पौने दो करोड़ रुपये की रिकवरी दिखाई, लेकिन मुख्य आरोपी अब भी फरार है और पूरी रकम बरामद नहीं हो पाई है। उन्होंने कहा कि यह गुरदासपुर शहर में चौथी बड़ी लूट की घटना है, जो कानून व्यवस्था की गंभीर स्थिति को दर्शाती है।

रंधावा ने कहा कि अमृतसर से गुरदासपुर बॉर्डर तक के दौरे के दौरान उन्हें एक भी पुलिस नाका नजर नहीं आया और कई थानों में अधिकारी तक मौजूद नहीं थे। उन्होंने आरोप लगाया कि थानों को “बंकर” में बदल दिया गया है, जहां ऊंची दीवारें, तारबंदी और करंट जैसी व्यवस्थाएं आम लोगों में भय का माहौल पैदा कर रही हैं।

जेल प्रशासन को लेकर भी उन्होंने गंभीर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि “यह पहली बार है कि पंजाब में गैंगस्टरों को खुले तौर पर प्रचार और विशेष सुविधाएं मिल रही हैं।” उन्होंने मुख्यमंत्री से पूछा कि इस संबंध में सरकार का क्या रुख है और जिम्मेदार जेल अधिकारियों के खिलाफ अब तक क्या कार्रवाई की गई है। रंधावा ने कहा कि उनके गृह मंत्री कार्यकाल के दौरान जेलों में अनियमितताओं के खिलाफ सख्त कार्रवाई की गई थी, जो आज भी एक मिसाल है।

उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि पहले आतंकवाद के दौर में भी कोई आतंकवादी या उससे जुड़े लोग जनप्रतिनिधि नहीं बन पाए, लेकिन वर्तमान में सरकार ऐसे तत्वों को राजनीतिक संरक्षण दे रही है। सरकार के प्रचार-प्रसार पर सवाल उठाते हुए उन्होंने कहा कि “फर्स्ट टाइम इन पंजाब” के नाम पर जारी विज्ञापनों में मुख्यमंत्री की छवि को इस तरह प्रस्तुत किया जा रहा है, जो लोकतांत्रिक मूल्यों के अनुरूप नहीं है।

अंत में रंधावा ने कहा कि पंजाब जैसे संवेदनशील राज्य में कानून व्यवस्था को मजबूत करना और लोगों में सुरक्षा का विश्वास कायम करना सरकार की प्राथमिक जिम्मेदारी है। उन्होंने मांग की कि सरकार तुरंत ठोस कदम उठाए और बेअदबी कानून से जुड़ी सभी शंकाओं को दूर करे, ताकि जनता का भरोसा बहाल हो सके।

अपने शहर की खबरें Whatsapp पर पढ़ने के लिए Click Here 

Related Story

Trending Topics

img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!