Edited By Subhash Kapoor,Updated: 15 Nov, 2025 11:22 PM

मोहाली नगर निगम ने शहर में बढ़ रही अव्यवस्था और आवारा पशुओं की समस्या से निपटने के लिए एक बड़ा और सख्त फैसला लिया है। निगम ने स्पष्ट कर दिया है कि अब यदि कोई भी पालतू पशु—खासकर कुत्ता—सड़क पर बिना निगरानी घूमता पाया जाता है, तो उसे तुरंत नगर निगम की...
मोहाली : मोहाली नगर निगम ने शहर में बढ़ रही अव्यवस्था और आवारा पशुओं की समस्या से निपटने के लिए एक बड़ा और सख्त फैसला लिया है। निगम ने स्पष्ट कर दिया है कि अब यदि कोई भी पालतू पशु—खासकर कुत्ता—सड़क पर बिना निगरानी घूमता पाया जाता है, तो उसे तुरंत नगर निगम की टीम द्वारा जब्त कर लिया जाएगा।
नगर निगम के नए नियमों के अनुसार, यदि किसी मालिक का पालतू पशु निगम द्वारा पकड़ा जाता है, तो उसे अपने पशु को वापस लेने के लिए 20,000 रुपये का जुर्माना भरना होगा। यह राशि मालिक पर जिम्मेदारी सुनिश्चित करने और शहर में पालतू पशुओं की अनियंत्रित आवाजाही को रोकने के लिए तय की गई है। इसके अलावा, निगम ने यह भी फैसला लिया है कि यदि पशु को लेने के लिए उसका मालिक निर्धारित समय सीमा के भीतर नहीं पहुंचता, तो उस पशु की नीलामी कर दी जाएगी। यह कदम नगर निगम द्वारा पशुओं के रख-रखाव पर आने वाली लागत को देखते हुए उठाया गया है।
हालांकि नगर निगम का यह फैसला लागू करने से पहले ही चर्चा का विषय बन गया है। डिप्टी मेयर कुलदीप सिंह बेदी ने नगर निगम के इस कदम पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने कहा कि मौजूदा हालात में निगम के पास इतना मजबूत और पुख्ता प्रबंध नहीं है कि वह पकड़े गए पालतू पशुओं को सुरक्षित और व्यवस्थित तरीके से रख सके।