Edited By Vatika,Updated: 21 Oct, 2025 02:43 PM

धूरी के नजदीकी गांव लड्डा में उस समय शोक की लहर दौड़ गई
पंजाब डेस्कः धूरी के नजदीकी गांव लड्डा में उस समय शोक की लहर दौड़ गई जब भारतीय सेना की 11 सिख लाइट इन्फैंट्री रेजिमेंट में तैनात जवान गुरसेवक सिंह की सड़क हादसे में मौत हो गई। गुरसेवक सिंह छुट्टी पर घर आया हुआ था, जब यह हादसा हुआ।
जानकारी के अनुसार, गुरसेवक सिंह पिछले 8 वर्षों से सेना में बतौर सिपाही अपनी सेवाएं दे रहा था। हादसे के बाद उसका अंतिम संस्कार गांव लड्डा में पूरे सरकारी सम्मान के साथ किया गया। इस मौके पर सेना के उच्च अधिकारी और जवान मौजूद रहे। सेना की ओर से शहीद सिपाही को गार्ड ऑफ ऑनर के तहत सलामी दी गई।
दुखद पहलू यह है कि गुरसेवक सिंह चार बहनों का इकलौता भाई था और उसके पिता का साया पहले ही सिर से उठ चुका था। पीछे बुजुर्ग मां और चार बहनें रह गई हैं। पूरे गांव में मातम का माहौल है और परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। गांववासियों ने कहा कि गुरसेवक सिंह गांव का गौरव था और उसकी यादें हमेशा जिंदा रहेंगी।