Edited By Vatika,Updated: 28 Sep, 2026 01:44 PM

घर के बाहर खुले घूम रहे अमेरिकन बुली नस्ल के एक खूंखार कुत्ते ने जिम जाने के लिए...
लुधियाना(राज): डाबा इलाके में प्रतिबंधित व आक्रामक नस्ल के कुत्तों को खुलेआम गलियों में लावारिस छोड़ने की लापरवाही का एक रूह कंपा देने वाला मामला सामने आया है। गुरु नानक नगर (डाबा लोहारां रोड) में घर के बाहर खुले घूम रहे अमेरिकन बुली नस्ल के एक खूंखार कुत्ते ने जिम जाने के लिए निकले बीसीए के छात्र पर अचानक हमला कर दिया। कुत्ते ने छात्र की टांग और जांघ को अपने खूनी जबड़े में जकड़ लिया और उसे सड़क पर पटक दिया।
जिम में कसरत करने के लिए निकला था छात्र
छात्र की चीख-पुकार सुनकर दौड़े एक बुजुर्ग ने डंडे बरसाकर बमुश्किल उसकी जान बचाई। घटना के बाद कुत्ते के मालिकों ने संवेदना जताने की बजाय उल्टे घायल युवक को ही झूठा ठहरा दिया। पीड़ित छात्र की शिकायत पर थाना डाबा पुलिस ने दो सगे भाइयों (कुत्ते के मालिकों) के खिलाफ संगीन धाराओं में आपराधिक मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस को दिए आधिकारिक बयानों में घायल अर्पित अग्रवाल (निवासी गुरु नानक नगर, डाबा लोहारां रोड) ने बताया कि वह बीसीए (BCA) की पढ़ाई कर रहा है। बीती 26 सितंबर को वह रोजमर्रा की तरह शाम के समय अपने घर से पास ही स्थित जिम में कसरत करने के लिए निकला था। जैसे ही वह गली में कुछ दूरी पर पहुंचा, तो देखा कि पड़ोसियों ने अपने खूंखार अमेरिकन बुली कुत्ते को बिना किसी पट्टे या जंजीर के खुलेआम सड़क पर छोड़ा हुआ था। अर्पित ने बताया कि कुत्ते को सामने देखकर वह डर के मारे वहीं ठहर गया, क्योंकि उसे अंदेशा था कि भागने पर कुत्ता उस पर झपट पड़ेगा।
शोर सुनकर गली में अफरा-तफरी मच गई
अर्पित के अनुसार, कुत्ता धीरे-धीरे उसके नजदीक आया और पहले उसे सूंघा। इससे पहले कि वह कुछ समझ पाता, कुत्ते ने सीधे उसकी टांग पर अपने नुकीले दांत गड़ा दिए। छात्र ने दर्द से तड़पते हुए खुद को छुड़ाने का प्रयास किया, लेकिन कुत्ते ने टांग छोड़कर सीधे उसकी जांघ को अपने जबड़े में दबोच लिया और पूरी ताकत से खींचते हुए उसे सड़क पर नीचे गिरा दिया। छात्र लहूलुहान होकर जोर-जोर से चीखने-चिल्लाने लगा। शोर सुनकर गली में अफरा-तफरी मच गई। चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग और गली में बैठे एक बुजुर्ग तुरंत डंडा लेकर दौड़े। बुजुर्ग और अन्य मोहल्ला निवासियों ने पूरी ताकत से कुत्ते पर डंडे बरसाए, जिसके बाद कुत्ते ने छात्र की जांघ से अपनी पकड़ ढीली की। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि कुत्ता इस कदर बेकाबू और आक्रामक हो चुका था कि जब उसे घर के अंदर बंद करने की कोशिश की गई, तो उसने अपने मालिकों के सामने ही घायल छात्र पर दोबारा झपट्टा मारने का प्रयास किया। घटना के दौरान जब कुत्ते के मालिक अमन और रमन बाहर आए, तो उनकी संवेदनहीनता ने सबको हैरान कर दिया।
कुत्ता के मालिक दोनों भाइयों के खिलाफ केस दर्ज
गंभीर रूप से लहूलुहान पड़े छात्र की मदद करने या अस्पताल ले जाने की बजाय वे उल्टे बदतमीजी पर उतर आए। मालिकों ने यह कहकर पल्ला झाड़ने की कोशिश की कि "कुत्ते ने नहीं काटा, ये जख्म तो तुम्हारी पुरानी चोट के हैं।" अर्पित ने बताया कि यह कुत्ता बेहद हिंसक प्रवृत्ति का है और कुछ समय पहले उसके सगे मामा पंकज सूद की टांग पर भी काटकर उन्हें गंभीर रूप से घायल कर चुका था। इसके बावजूद मालिकों ने कुत्ते को बांधना जरूरी नहीं समझा। घटना के बाद परिजनों ने घायल अर्पित को तुरंत अस्पताल पहुंचाया, जहां उसके गहरे जख्मों पर टांके लगाए गए और एंटी-रेबीज इंजेक्शन दिए गए। थाना डाबा पुलिस ने पीड़ित अर्पित अग्रवाल के बयानों के आधार पर कुत्ता के मालिक दोनों भाइयों—अमन और रमन के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि नियमों की अनदेखी कर खतरनाक नस्ल के कुत्तों को सार्वजनिक स्थलों पर खुला छोड़ने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।