Edited By Vatika,Updated: 19 Oct, 2026 10:32 AM

मानसा में परविंदर सिंह झोटा हत्याकांड को लेकर चल रहे धरने के दौरान उनके पिता का भावुक बयान सामने आया है।
मानसा (संदीप मित्तल): मानसा में परविंदर सिंह झोटा हत्याकांड को लेकर चल रहे धरने के दौरान उनके पिता का भावुक बयान सामने आया है। उन्होंने कहा कि वह अपने बेटे की मौत पर क्यों रोएं, क्योंकि उनका बेटा अमर शहीद है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जब तक परिवार को इंसाफ नहीं मिलता, तब तक वह अपने बेटे का अंतिम संस्कार नहीं करेंगे।
परविंदर सिंह झोटा के पिता ने कहा कि उनके बेटे ने नशे के खिलाफ आवाज उठाई और समाज को नशे की बुराई से बचाने के लिए संघर्ष किया। आज उसी संघर्ष के कारण उनका परिवार इंसाफ की मांग को लेकर धरने पर बैठा है। उन्होंने कहा कि परविंदर ने समाज के हित में काम किया और नशे के खिलाफ लड़ाई लड़ते हुए अपनी जान गंवा दी। ऐसे में उनका बेटा उनके लिए सिर्फ बेटा नहीं, बल्कि समाज के लिए संघर्ष करने वाला शहीद है। उन्होंने मांग की कि मुख्यमंत्री अपने पद से इस्तीफा दें, परविंदर सिंह झोटा की हत्या के मामले की निष्पक्ष और गहन जांच करवाई जाए तथा इस वारदात में शामिल सभी लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं और परिवार को इंसाफ मिलने का भरोसा नहीं दिया जाता, तब तक अंतिम संस्कार करने का सवाल ही पैदा नहीं होता।
गौरतलब है कि परविंदर झोटा हत्याकांड को लेकर मानसा में लगातार विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं। विभिन्न सामाजिक, धार्मिक और राजनीतिक संगठनों के प्रतिनिधि भी पीड़ित परिवार के समर्थन में सामने आए हैं। प्रदर्शनकारियों की मांग है कि इस मामले की केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) से जांच करवाई जाए। इसके साथ ही नशे के कारोबार में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग भी उठाई जा रही है। परिवार के इस फैसले के कारण मामला लगातार गंभीर होता जा रहा है। धरने पर बैठे लोगों का कहना है कि जब तक परिवार को इंसाफ नहीं मिलता, तब तक उनका संघर्ष जारी रहेगा। वहीं, परविंदर के पिता के बयान ने इस आंदोलन को भावनात्मक रूप से और मजबूती दी है। परिवार अपनी मांगों पर अडिग है और इंसाफ मिलने तक संघर्ष जारी रखने का ऐलान कर चुका है।